लगभग हर किसी सब्जी के साथ इस्तेमाल होने वाला आलू हर घर की रसोई में मिलने वाले फ़ूड्स में से एक है. जड़ से पैदा होने वाली यह सब्जी कई लाभ प्रदान करती है. आज इस लेख में हम आपको बताने वाले है आलू के फायदों के बारे में –

आलू के फायदे – benefits of potatoes

ग्लूटेन फ्री

  • दुनिया के परिपेक्ष में बात करें तो ग्लूटेन फ्री डाइट काफी चलन में है.
  • इसमें भोजन में से ग्लूटेन को कम करने शामिल है.
  • ग्लूटेन को एक प्रकार का प्रोटीन माना जाता है जो गेहूँ, बाजरा और राई में होता है.
  • काफी सारे लोगों को ग्लूटेन खाने के बाद कोई लक्षण नहीं होते है.
  • जबकि सेलिएक रोग या नॉन सेलिएक ग्लूटेन संवेदनशीलता वाले लोगों को ग्लूटेन युक्त फ़ूड्स खाने से तीव्र असहजता हो सकती है.
  • लक्षणों में तेज पेट दर्द, दस्त, कब्ज, सूजन और त्वचा पर रेश आदि शामिल हैं.
  • यदि आप ग्लूटेन मुक्त आहार का पालन करते हैं, तो आपको अपने आहार में आलू को शामिल करने पर विचार करना चाहिए.
  • आलू स्वाभाविक रूप से ग्लूटेन मुक्त होते हैं, जिसका अर्थ है कि वे असहज लक्षणों को ट्रिगर नहीं करते हैं.
  • लेकिन कई सारी दूसरी रेसिपी के साथ इस्तेमाल किए जाने पर ग्लूटेन एलर्जी हो सकती है.
  • सेलिएक या नॉन सेलिएक संवेदनशीलता होने पर डिश में सामग्री की लिस्ट को पढ़ लें.

पोषक तत्वो में पूर्ण

  • इसे विटामिन और मिनरल का अच्छा सोर्स माना जाता है.
  • एक पके हुए आलू करीब 173 ग्राम में – फैट, फाइबर कार्ब्स, प्रोटीन, विटामिन बी6, विटामिन सी, पोटेशियम समेत कैलोरी भी होती है.
  • साथ ही फोलेट, फोस्फोरस, मैग्नीज, मैग्नीशियम, नियासिन भी होते है.
  • इसके अलावा इन पोषक तत्वों का मूल्य आलू के प्रकार और उपज के तरीके पर निर्भर करता है.
  • इसके अलावा आलू को तले जाने पर उसमें कैलोरी और फैट की मात्रा बढ़ जाती है.
  • यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि आलू की त्वचा में विटामिन और मिनरलों की एक बड़ी मात्रा होती है.
  • जबकि आलू को छील कर खाने से इसके पोषण मूल्यों में कमी आ सकती है.

एंटीऑक्सीडेंट

  • आलू फ्लेवोनोइड्स, कैरोटेनॉइड्स और फेनोलिक एसिड जैसे कंपाउंड में समृद्ध होते हैं.
  • यह कंपाउंड मुक्त कणों के रूप में जाने वाले संभावित हानिकारक अणुओं को बेअसर करके शरीर में एंटीऑक्सीडेंट के रूप में कार्य करते हैं.
  • जब मुक्त कण जमा होते हैं, तो वे हृदय रोग, डायबिटीज और कैंसर जैसी पुरानी बीमारियों का खतरा बढ़ा सकते हैं.
  • एक टेस्ट-ट्यूब अध्ययन में पाया गया कि आलू में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट लिवर और कोलन कैंसर सेल्स के विकास को दबा सकते हैं.
  • अध्ययन में यह भी पाया गया है कि बैंगनी आलू जैसे रंगीन आलू में सफेद आलू की तुलना में तीन से चार गुना अधिक एंटीऑक्सीडेंट हो सकते हैं.
  • यह उन्हें मुक्त कणों को बेअसर करने में संभावित रूप से अधिक प्रभावी बनाता है.
  • हालांकि इसपर अभी और अधिक मानव अध्ययनों की आवश्यकता है.

किसी भी सब्जी के साथ खाए जाने

  • न केवल आलू स्वस्थ हैं, बल्कि वे स्वादिष्ट और बहुमुखी भी हैं.
  • आलू को कई तरह से तैयार किया जा सकता है, जिसमें उबला हुआ, बेक किया हुआ और स्टीम्ड भी शामिल है.
  • हालांकि, अगर आप बहुत अधिक तेल का उपयोग करते हैं, तो आलू को भूनना उनकी कैलोरी सामग्री को नाटकीय रूप से बढ़ा सकता है.
  • इसके बजाय, आलू को काटने की कोशिश करें और फिर उन्हें कच्चे जैतून के तेल की हल्की ड्रॉप्स और रोजमैरी के छिड़काव के साथ ओवन में भूनें.
  • सुनिश्चित करें कि आलू की त्वचा को न हटाएं, क्योंकि अधिकांश पोषक तत्व वहां स्थित हैं.
  • यह सुनिश्चित करेगा कि आप आलू से अधिक से अधिक मात्रा में पोषक तत्व प्राप्त करें.

ब्लड शुगर कंट्रोल को बेहतर करने

  • आलू में एक विशेष प्रकार का स्टार्च होता है जिसे प्रतिरोधी स्टार्च के रूप में जाना जाता है.
  • यह स्टार्च टूट कर पूरी तरह से शरीर द्वारा अवशोषित नहीं होता है.
  • इसके बजाय, यह बड़ी आंत में पहुंचता है जहां यह आपकी आंत में लाभकारी बैक्टीरिया के लिए पोषक तत्वों का स्रोत बन जाता है.
  • रिसर्च ने इंसुलिन प्रतिरोध को कम करने सहित कई स्वास्थ्य लाभों के लिए प्रतिरोधी स्टार्च को जोड़ा है, जो बदले में, ब्लड शुगर कंट्रोल में सुधार करता है.
  • टाइप 2 डायबिटीज वाले लोगों के एक अध्ययन में पाया गया कि प्रतिरोधी स्टार्च वाले भोजन का सेवन भोजन के बाद अतिरिक्त ब्लड शुगर को हटाने में मदद करता है.

पाचन को बेहतर करने

  • आलू में प्रतिरोधी स्टार्च भी पाचन स्वास्थ्य में सुधार कर सकता है.
  • जब प्रतिरोधी स्टार्च बड़ी आंत में पहुंचता है, तो यह फायदेमंद आंत बैक्टीरिया के लिए भोजन बन जाता है.
  • ये बैक्टीरिया इसे पचाते हैं और इसे शॉर्ट-चेन फैटी एसिड में बदल देते हैं.
  • आलू से प्रतिरोधी स्टार्च ज्यादातर शॉर्ट-चेन फैटी एसिड ब्यूटिरेट में बदल जाता है जो आंत बैक्टीरिया के लिए पसंदीदा खाद्य स्रोतों मे से एक है.
  • अध्ययनों से पता चला है कि ब्यूटिरेट, कोलन में सूजन को कम कर सकता है. 
  • कोलन के बचाव को मजबूत कर सकता है और कोलोरेक्टल कैंसर के जोखिम को कम कर सकता है.
  • इसके अलावा ब्यूटिरेट इंफ्लामेटरी बाऊल विकारों वाले रोगियों की सहायता कर सकता है जिसमें क्रोहन रोग, अल्सरेटिव कोलाइटिस और डायवर्टाइटिस शामिल है.
  • साथ ही इस पर अभी अधिक मानव आधारित अध्ययनों की जरूरत है.

अंत में

आलू विटामिन, मिनरल और एंटीऑक्सीडेंट में समृद्ध होते हैं, जो उन्हें बहुत स्वस्थ बनाते हैं. विभिन्न प्रकार के प्रभावशाली स्वास्थ्य लाभों के साथ अध्ययन में आलू और उनके पोषक तत्वों को जोड़ा गया है, जिनमें बेहतर ब्लड शुगर कंट्रोल, हृदय रोग के जोखिम को कम करना और उच्च प्रतिरक्षा शामिल है. साथ ही यह पाचन हेल्थ को अच्छा करने के अलावा एजिंग के संकेतों को कम करते है.

आलू भूख को रोकने के द्वारा वजन कम करने में मदद कर सकते हैं. इसके अलावा आलू को डाइट में सीमित मात्रा में शामिल करना अच्छा हो सकता है.

 

References –

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