आज के समय में कुछ ऐसे प्रोडक्ट है जिन्हें सभी लोगों द्वारा पसंद किया जाता है. खासकर बच्चों की बात करें तो उन्हें तो चॉकलेट खाने में बहुत मज़ा आता है. लेकिन उन्हें यह नही पता होता कि उनकी सेहत के लिए क्या अच्छा है और क्या हानिकारक. जिसके लिए उनके माता-पिता जिम्मेदार होते है.

जबकि कुछ माता-पिता बच्चों की चॉकलेट खाने की आदत से परेशान हो जाते है. आज इस लेख में हम आपको बताने वाले है डार्क चॉकलेट के फायदे जो पोषक तत्वों से पूर्ण होने के साथ सेहत पर सकारात्मक प्रभाव डालते है.

डार्क चॉकलेट काने के फायदे – dark chocolate health benefits in hindi

ऐसा इसलिए क्योंकि चॉकलेट भी प्राकृतिक रूप से बनी होती है. यह कोकोआ नाम के पेड़ से प्राप्त होने वाले बीजों से बनाई जाती है. जो एंटीऑक्सीडेंट के बेस्ट सोर्स होते है.

साथ ही डार्क चॉकलेट खाने के फायदों की बात करें तो इससे हेल्थ के साथ हार्ट रोग का रिस्क कम हो जाता है. लेकिन ध्यान रहें कि उसमें शुगर न हों. अगर आपके बच्चे या आप बड़े हो जाने पर भी चॉकलेट खाना पसंद करते है तो आपको साइंस आधारित कोकोआ या डार्क चॉकलेट के फायदे पता होना चाहिए –

अच्छे कोलेस्ट्रोल के लिए

  • डार्क चॉकलेट खाने से कई हार्ट संबंधी रिस्क फैक्टर को कम किया जा सकता है.
  • अध्ययनों में पाया गया है कि कोकआ के सेवन से खराब कोलेस्ट्रोल में कमी आती है.
  • ऐसा इसलिए होता है कि क्योंकि इसमें मौजूद ऑक्सीडेंट फ्री रेडिकल्स को खत्म कर देते है.
  • साथ ही यह इंसुलिन संवेदनशीलता को कम करने और हार्ट रोग के अलावा डायबीटिज़ के खतरे को कम करता है.

पोषक तत्वों में पूर्ण

अगर आप बाज़ार से हाई कोकोआ मात्रा वाली डार्क चॉकलेट खरीदते है तो इसके कई हेल्थ बेनेफिट्स होते है.

इसमें अच्छी मात्रा में घूलनशील फाइबर और मिनरल होते है. 100 ग्राम डार्क चॉकलेट में –

  • फाइबर 
  • आयरन
  • मैग्नीशियम
  • कॉपर
  • मैग्नीज़
  • पोटेशियम
  • फास्फोरस
  • जिंक
  • सेलेनियम

डार्क चॉकलेट के बेनेफिट्स की बात करें तो इसके 100 ग्राम में करीब 600 कैलोरी और मोडरेट शुगर होती है.

इसके अलावा कोकोआ और डार्क चॉकलेट में फैटी एसिड की मात्रा भी अच्छी होती है. जबकि इसमें सैचुरेटिड, मोनोसैचुरेटिड और पॉलीअनसैचुरेटिड फैट होते है. साथ ही इसमें कैफीन और थीओब्रोमीन होते है.

ब्लड प्रेशर कंट्रोल करने

  • डार्क चॉकलेट में मौजूद फ्लावानॉल्स आरटरीज़ की लिनींग को ठीक करने के लिए किया जाता है.
  • साथ ही यह नाइट्रिक एसिड को भी बनाता है.
  • जिससे आरटरीज़ को रिलैक्स होने और हाई बीपी की समस्या होने पर ब्लड फ्लो सामान्य हो जाता है.
  • कई अध्ययनों में देखा गया है कि कोकोआ और डार्क चॉकलेट के सेवन से ब्लड फ्लो बेहतर होता है जिससे हाई ब्लड प्रेशर सामान्य हो जाता है.

एंटीऑक्सीडेंट में बहुत अच्छा

  • इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट शरीर को नुकसान पहुँचाने वाले फ्री रेडिकल्स को खत्म करके काम करते है.
  • कच्चे कोकोआ बीन्स में सबसे ज्यादा एंटीऑक्सीडेंट की मात्रा होती है.
  • डार्क चॉकलेट ऑर्गेनिक कंपाउंड से पूर्ण होते है इसलिए यह ऑक्सीडेंट के रूप में एक्टिव और फंक्शन करते रहते है.
  • दूसरे फलों की तुलना में इसमें एंटीऑक्सीडेंट, पॉलीफेनॉल्स और फ्लावानॉल्स अधिक होते है.

सूर्य की रोशनी से स्कीन का बचाव

  • डार्क चॉकलेट में मिलने वाले तत्व हमारी त्वचा के लिए काफी अच्छे होते है.
  • फ्लावोनॉल्स का काम सूरज की रोशनी से होने वाली स्कीन की क्षति से बचाने में मदद करता है.
  • साथ ही ब्लड फ्लो बेहतर करने, हाइड्रेट रखने और स्कीन की डेंसिटी बढ़ाने में भी उपयोगी है.

दिमाग के फंक्शन को बेहतर करने

  • शरीर के अन्य लाभों के अलावा यह दिमाग के लिए भी अच्छी होती है.
  • हफ्ते में 5 दिन हाई फ्लावानॉल वाली कोकोआ खाने से दिमाग तक ब्लड फ्लो बेहतर होता है.
  • अधिक आयु वाले लोगों में कोकोआ का उपयोग कॉगनेटिव फंक्शन को बेहतर करता है.
  • साथ ही बोलने की समस्या में लाभ के साथ कई रिस्क फैक्टर को कम करता है.

हार्ट रोग का खतरा

  • लंबे समय तक डार्क चॉकलेट के उपयोग से खराब कोलेस्ट्रोल कम बनता है.
  • जिससे आरट्रीज़ ब्लॉक होने समेत हार्ट के रोग का खतरा कम हो जाता है.
  • लंबे समय तक सेवन पर किए गए अध्ययनों में देखा गया है कि इससे काफी अच्छा सुधार देखने को मिलता है.
  • हालांकि इन अध्ययनों में ऐसा कुछ भी ठोस नही मिला है जिससे कहा जा सके कि यह खतरे को कम कर सके.
  • लेकिन इसके बायोलॉजिकल प्रोसेस के आधार पर कहा जा सकता है कि डार्क चॉकलेट खाने से हार्ट रोक का रिस्क कम हो जाता है.

अंत में

डार्क चॉकलेट के हेल्थ बेनेफिट्स की बात करें तो ऐसे कई प्रमाण है जो पुष्टि करते है कि डार्क चॉकलेट खाने के फायदे काफी है. खासकर यह हार्ट रोग के रिस्क को कम करता है.

हालांकि इसका मतलब यह बिल्कुल भी नही है कि आप रोज़ाना भोजन की जगह चॉकलेट ही खाना शुरू कर दें, क्योंकि यह कैलोरी से पूर्ण होती है और ज्यादा खाने से मोटापा आदि भी हो सकता है.

अगर आप डार्क चॉकलेट खाने के फायदे उठाना चाहते है तो ध्यान रहें कि इसे बिना शुगर या क्रीम के खाएं. जिससे कैलोरी आदि को कम किया जा सके. बाज़ार में मिलने वाली डार्क चॉकलेट हेल्दी नही होती है. 

डार्क चॉकलेट खरीदते समय यह ध्यान रखें कि उसमें कम से कम 70 फीसदी या अधिक कोकोआ की मात्रा हो. इसे रात को थोड़ी सी मात्रा में भोजन के बाद खाया जा सकता है.

References –

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